
ACHARYA CHANKYA NITI- पराजय तब नहीं होती जब आप गिर जाते हैं, पराजय तो तब होती है जब आप उठने से इंकार कर देते हैं।
जो जिस कार्य में कुशल हो उसे उसी कार्य को करना चाहिए।
जो व्यक्ति आलसी होता है ऐसे व्यक्ति का न तो वर्तमान होता है न कोई भविष्य होता है
सदा खुश रहो क्योंकि तुम्हारा खुश रहना ही
तुम्हारे दुश्मनों के लिए सबसे बड़ी सजा है।
भाग्य उनका साथ देता है जो कठिन परिस्तिथियों का
सामना करके भी अपने लक्ष्य के प्रति दृढ़ रहते हैं।
विधा ही निर्धन का धन है और विधा को कोई चुरा भी नहीं सकता। – chankya
मनुष्य स्वयं ही अपने कर्मों के द्वारा जीवन में दुःख को बुलाता है।
मित्रता के पीछे अपना खुद का स्वार्थ छिपा होता है, स्वार्थ
के बिना कभी मित्रता नहीं होती यह एक कटु सत्य है।
कामयाब होने के लिए अच्छे मित्रों की जरुरत होती है, और ज्यादा
कामयाब होने के लिए अच्छे शत्रुओं की आवश्यकता होती है।
शिक्षा सबसे परम मित्र है शिक्षित व्यक्ति सदैव सम्मान पाता है
शिक्षा की शक्ति के आगे युवा शक्ति और सौंदर्य दोनों ही कमजोर है
कमजोर व्यक्ति से दुश्मनी ज्यादा खतरनाक होती है, क्योंकि
वह उस वक्त वॉर करता है जिसकी हम कल्पना भी नहीं कर सकते
ऐसे व्यक्ति जो आपके स्तर से नीचे या ऊपर के है उन्हें दोस्त मत बनाओ वह
तुम्हारे कष्ट का कारण बनेंगे, समान स्तर के दोस्त सुखदाई होते हैं।
दोस्त वह होता है जो आपके भूतकाल को समझता है आपके भविष्य पर विश्वास
रखता है और आप जैसे हो वैसे ही अपनाता है।
सोने के साथ मिलकर चांदी भी सोने जैसी दिखाई पड़ती है
अर्थात सत्संग का प्रभाव मनुष्य पर अवश्य पड़ता है !!
बुद्धिमान चुप रहते हैं समझदार बोलते हैं मुर्ख बहस करते हैं।
कोई भी काम शुरू करने से पहले तीन सवाल अपने आप से पूछो मैं ऐसा क्यों करने
जा रहा हूँ इसका क्या परिणाम होगा। क्या में सफल रहूँगा ?
बाल्टी नीचे सिर झुकाकर ही कुंए से जल निकालती है अर्थात कपटी या पापी व्यक्ति
सदैव मधुर वचन बोलकर अपना काम निकालते है !!
पाँच साल तक पुत्र को लाड एवं प्यार से पालना चाहिए, अगले दस साल तक उसे छड़ी की मार
से डराएं, लेकिन जब वह 16 साल का हो जाए तो मित्र जैसा व्यवहार करें !!
फूलों की खुशबू हवा की दिशा में फैलती है। लेकिन एक व्यक्ति की अच्छाई चारों तरफ फैलती है !!
सांप के दांत में, बिच्छु के डंक में मक्खी के सिर में, और मनुष्य के मन में जहर होता है !!
सुख चाहते हो तो देर रात तक जागना नहीं, शांति चाहते हो तो दिन में
सोना नहीं सम्मान चाहते हो तो अपने को छोड़ना नहीं !!
प्यार और लगाव में बहुत अंतर होता है प्यार आपको आज़ाद करता है
और लगाव आपको कमजोर करता है !!
सभी प्रकार के भय में से बदनामी का भय सबसे बड़ा होता है !!
जीवन में किसी का भला करोगे तो लाभ होगा। क्योंकि भला का उल्टा लाभ होता है।
जीवन में किसी पर दया करोगे तो वो याद करेगा क्योंकि दया का उल्टा याद होता है !!
जिसने अन्यायपूर्वक धन संचय किया है। और अकड़ कर सर उठाए रखा है। ऐसे लोगों से
सदा दूर राहों ऐसे लोग स्वयं पर भी बोझ होते हैं इन्हें शांति कहीं नहीं मिलती !!
बुढ़ापे में आपको रोटी आपकी औलाद नहीं आपके दिए हुए संस्कार ही खिलाएंगे !!
कभी किसी के सामने अपनी सफाई पेश मत करना क्योंकि जिसे तुम पर विश्वास है
उसे जरुरत नहीं और जिसे तुम पर विश्वास नहीं वो मानेगा ही नहीं।
नादानों से मित्रता कीजिए मुसीबत के वक्त कोई समझदार काम नहीं आता !!
धर्म, गुरु का ज्ञान और दवा को संग्रह करके रखना चाहिए,
समय आने पर यह सब मनुष्य के काम आती है !!
अपनी जुबान की ताकत कभी अपने माता-पिता पर
मत आजमाओ, जिन्होंने तुम्हें बोलना सिखाया है !!
मुर्ख लोग कार्यो के मध्य में कठिनाई उत्पन्न होने पर दोष् निकाला करते हैं !!
पानी से नहाने वाला कभी काफल नहीं होता, पसीने से नहाने वाले ही दुनिया बदलते हैं!!
जिस प्रकार बालू अपने रुख स्वभाव को नहीं छोड़ सकता,
उसी प्रकार दुष्ट भी अपना स्वभाव नहीं छोड़ पाता !!
आँख के अंधे को दुनिया नहीं दिखती, काम के अंधे को विवेक नहीं दिखता, मद के अंधे
को अपने से श्रेष्ठ नहीं दिखता और स्वार्थी को कहीं अपना भी दोष नहीं दिखता !!
सेवक को तब परखें जब वः काम ना कर रहा हो, रिश्तेदार को किसी कठिनाई
में मित्र को संकट में, और पत्नी को घोर विपत्ति में !!
भगवान मूर्तियों में नहीं है आपकी अनुभूति ही आपका ईश्वर है , आत्मा आपका मंदिर है !!
प्रशंसा से बचें, यह आपके व्यक्तित्व की अच्छाइयों को घुन की तरह चाट जाती हैं !!
चुनौतियां तुम्हारे सामने आएंगी, यदि तुम्हें अपना लक्ष्य याद है,
हर चुनौती, हर परीक्षा तुम्हें कुछ न कुछ अवश्य सिखाएंगी !!
व्यक्ति को जरुरत से ज्यादा सरल व् ईमानदार नहीं होना चाहिए।
सीधे तने के पेड़ सबसे पहले काटे जाते हैं !!
दूसरों की गलतियों से सीखो, अपने अनुभव से सीखने
को तुम्हारी आयु काम पड़ जाएगी !!